यह ब्लॉग खोजें

शनिवार, 22 सितंबर 2018

अच्युतस्याष्टकम् स्त्रोत





अच्युतस्याष्टकम् स्त्रोत



अच्युतं केशवं रामनारायणं

कृष्णदामोदरं वासुदेवं हरिम्।

श्रीधरं माधवं गोपिकावल्लभं

जानकीनायकं रामचंद्रं भजे॥1॥

अच्युतं केशवं सत्यभामाधवं

माधवं श्रीधरं राधिकाराधितम्।

इन्दिरामन्दिरं चेतसा सुन्दरं

देवकीनन्दनं नन्दजं सन्दधे॥२॥

विष्णवे जिष्णवे शाङ्खिने चक्रिणे

रुक्मिणिरागिणे जानकीजानये।

बल्लवीवल्लभायार्चितायात्मने

कंसविध्वंसिने वंशिने ते नमः॥३॥

कृष्ण गोविन्द हे राम नारायण

श्रीपते वासुदेवाजित श्रीनिधे।

अच्युतानन्त हे माधवाधोक्षज

द्वारकानायक द्रौपदीरक्षक॥४॥

राक्षसक्षोभितः सीतया शोभितो

दण्डकारण्यभूपुण्यताकारणः।

लक्ष्मणेनान्वितो वानरौः सेवितोऽगस्तसम्पूजितो

राघव पातु माम्॥५॥

धेनुकारिष्टकानिष्टकृद्द्वेषिहा

केशिहा कंसहृद्वंशिकावादकः।

पूतनाकोपकःसूरजाखेलनो

बालगोपालकः पातु मां सर्वदा॥६॥

विद्युदुद्योतवत्प्रस्फुरद्वाससं

प्रावृडम्भोदवत्प्रोल्लसद्विग्रहम्।

वन्यया मालया शोभितोरःस्थलं

लोहिताङ्घ्रिद्वयं वारिजाक्षं भजे॥७॥

कुञ्चितैः कुन्तलैर्भ्राजमानाननं

रत्नमौलिं लसत्कुण्डलं गण्डयोः।

हारकेयूरकं कङ्कणप्रोज्ज्वलं

किङ्किणीमञ्जुलं श्यामलं तं भजे॥८॥

अच्युतस्याष्टकं यः पठेदिष्टदं

प्रेमतः प्रत्यहं पूरुषः सस्पृहम्।

वृत्ततः सुन्दरं कर्तृविश्वम्भरस्तस्य

वश्यो हरिर्जायते सत्वरम्॥९॥

श्री शङ्कराचार्य कृतअच्युतस्याष्टकम् स्त्रोतम्  सम्पूर्ण: || 

कोई टिप्पणी नहीं:

Mahashivratri Katha - 5 | शंखचूड़ का वध

शिव उपासना में शंख का इस्तेमाल वर्जित माना जाता है। दरअसल भगवान शिव ने शंखचूड़ नाम के असुर का वध किया था, जो भगवान विष्णु का भक्त था। शंख क...

लेबल

नवरात्र दुर्गा पूजा नवदुर्गा नवरात्रि महा नवरात्रि राम नवरात्रि महाशिवरात्रि Shri Hanuman गणेश शिवरात्रि गणपति स्रोत सुभाषितानि अच्युतं केशवं रामनारायणम् अच्युतस्याष्टकम् आरती कनकधारा स्तोत्र गजमुख चालीसा बाल कृष्ण मंत्र विघ्नहर्ता शिव का चमत्कारी स्त्रोत श्रीगणपति Chalisa Mangal Stotra Shri Hanuman Chalisa shiv अथर्वशीर्ष अहोई माता ऋण मोचक मंगल स्तोत्र कनकधारा स्तोत्रम् (हिन्दी पाठ) करवा चौथ कष्ट विमोचन मंगल स्तोत्र कामदा एकादशी कृष्ण चैत्र नवरात्रि णमोकार मंत्र दशरथकृत शनि स्तोत्र दुर्गाष्टमी निर्वाण षटकम् बजरंग बाण बधाई भजन भज गोविन्दम् भजन भागवत भोग आरती मंगल स्तोत्र मङ्गलम् भगवान विष्णुः मनसा सततम् स्मरणीयम् महिषासुरमर्दिनि स्तोत्रम् रामत्व रामायणं रुद्राष्टकम् वसंत नवरात्रि विद्वान् सर्वत्र पूज्यते विष्णुपञ्जरस्तोत्रम् शांति मंत्र शिवताण्डवस्तोत्रम् श्री गजानन प्रसन्न श्री गणेश श्री दत्तात्रेयवज्रकवचम्‌ श्री शिव श्री शिव चालीसा श्री शिव पंचाक्षर स्तोत्र श्री शिव पंचाक्षर स्तोत्रम् श्री शिवमङ्गलाष्टकम् श्री संकटमोचन हनुमानाष्टक श्री स्कन्द पुराण श्रीमद् हनुमन्त बीसा श्रीराम तांडव स्तोत्रम् सरस्वती सुखदाता स्त्रोत